पटना न्यूज डेस्क: राजधानी पटना में आज मेट्रो सेवाओं को अस्थायी रूप से रोक दिया गया है, क्योंकि भूतनाथ से मलाही पकड़ी के बीच नवनिर्मित सेक्शन पर महत्वपूर्ण ट्रायल रन और सुरक्षा निरीक्षण (Safety Inspection) निर्धारित है। इस प्रक्रिया के तहत 'कमिश्नर ऑफ मेट्रो रेल सेफ्टी' (CMRS) की विशेष टीम पूरे रूट का तकनीकी मुआयना करेगी। लगभग 2.75 किलोमीटर लंबे इस खंड पर मेट्रो की रफ्तार, ब्रेकिंग क्षमता, सिग्नलिंग प्रणाली और आपातकालीन मानकों का गहन परीक्षण किया जाएगा, ताकि यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
निरीक्षण के दौरान CMRS टीम का मुख्य ध्यान खेमनीचक और मलाही पकड़ी स्टेशनों पर केंद्रित रहेगा। यहाँ प्लेटफॉर्म की सुविधाओं, यात्रियों के आने-जाने (Entry-Exit) के रास्तों और आपातकालीन प्रबंधन प्रणालियों की बारीकी से जांच की जाएगी। यदि यह सुरक्षा ऑडिट सफल रहता है और टीम अपनी हरी झंडी दे देती है, तो बहुत जल्द इन दोनों स्टेशनों को आम जनता के लिए खोलने की आधिकारिक तिथि घोषित कर दी जाएगी। इससे पटना मेट्रो के परिचालन विस्तार का मार्ग प्रशस्त होगा।
इस नए सेक्शन के जुड़ने से पटना मेट्रो का नेटवर्क और अधिक प्रभावी हो जाएगा, जिससे कुल दूरी बढ़कर 6 किलोमीटर से अधिक हो जाएगी। इससे पाटलिपुत्र बस टर्मिनल से मलाही पकड़ी तक सीधी कनेक्टिविटी उपलब्ध होगी, जो विशेष रूप से कंकड़बाग और आसपास के सघन आबादी वाले क्षेत्रों के लिए किसी सौगात से कम नहीं है। यह विस्तार न केवल स्थानीय निवासियों के सफर को आसान बनाएगा, बल्कि शहर की सड़कों पर वाहनों के बढ़ते दबाव को कम करने में भी सहायक सिद्ध होगा।
दूसरी ओर, पटना मेट्रो के कॉरिडोर-2 पर भी निर्माण कार्य युद्धस्तर पर जारी है। मोइनुल हक स्टेडियम से राजेंद्र नगर के बीच पहली टनल का निर्माण अगले महीने तक पूरा होने की संभावना है, जबकि दूसरी टनल जून तक तैयार हो सकती है। टनल बोरिंग मशीन (TBM) ने सफलतापूर्वक रेलवे ट्रैक के नीचे की खुदाई पूरी कर ली है और अब वह अपने गंतव्य स्टेशन के बेहद करीब है। अधिकारियों का मानना है कि यदि कार्य की वर्तमान गति बनी रही, तो प्रोजेक्ट जल्द ही एक बड़े मील के पत्थर को छू लेगा।